कटनी | दर्पण 24 न्यूज
जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और आमजन के स्वास्थ्य की सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के निर्देशानुसार चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत राजस्व विभाग एवं खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने शहर के चाका बायपास और जुहला बायपास स्थित प्रतिष्ठानों पर औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं, जिसके बाद संबंधित संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
🔳 मिनरल वाटर फैक्ट्री में नियमों की अनदेखी
संयुक्त टीम ने सबसे पहले चाका बायपास स्थित “इच्छा मिनरल” निर्माण इकाई का निरीक्षण किया। यहां पैकेज्ड ड्रिंकिंग वाटर एवं मिनरल वाटर का उत्पादन किया जा रहा था, लेकिन निरीक्षण के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेज मौके पर उपलब्ध नहीं पाए गए।
फैक्ट्री प्रबंधन कर्मचारियों के मेडिकल सर्टिफिकेट, प्रशिक्षण प्रमाण पत्र और पेस्ट कंट्रोल से संबंधित आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने में असफल रहा। यह खाद्य सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन माना गया है। इसके चलते संबंधित खाद्य कारोबारी को नोटिस जारी करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
इसके अलावा, “इच्छा” ब्रांड पैकेज्ड ड्रिंकिंग वाटर और “एक्वा लाइन” ब्रांड के नमूने गुणवत्ता जांच के लिए लिए गए हैं, जिन्हें परीक्षण हेतु प्रयोगशाला भेजा जा रहा है।
🔳 होटल में एक्सपायरी सामग्री और गंदगी का अंबार
इसके बाद टीम ने जुहला बायपास स्थित “राघव रीजेंसी” होटल का निरीक्षण किया। होटल के किचन और स्टोर की जांच के दौरान हालात बेहद चिंताजनक पाए गए।
स्टोर रूम में कई खाद्य पदार्थ जैसे डालडा वनस्पति, पिज्जा बेस, साबूदाना, ओरिगैनो लीव्स और राजमा एक्सपायरी डेट के पाए गए। टीम ने मौके पर ही इन सभी खाद्य सामग्रियों का नष्टिकरण कराया।
किचन में साफ-सफाई का स्तर अत्यंत खराब था। कर्मचारियों द्वारा एप्रन और ग्लव्स जैसे आवश्यक सुरक्षा उपकरणों का उपयोग नहीं किया जा रहा था, जो कि खाद्य सुरक्षा नियमों का उल्लंघन है।
खाद्य गुणवत्ता पर संदेह के चलते पनीर, तुवर दाल (टुकड़ा) और नूडल्स के नमूने भी जांच के लिए लिए गए हैं।
🔳 दस्तावेजों की कमी पर नोटिस जारी
होटल प्रबंधन भी कर्मचारियों के मेडिकल प्रमाण पत्र, प्रशिक्षण से जुड़े दस्तावेज और पेस्ट कंट्रोल रिकॉर्ड प्रस्तुत नहीं कर सका। इस गंभीर लापरवाही को देखते हुए खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 की धारा 32 के तहत नोटिस जारी किया जा रहा है।
🔳 लैब जांच के बाद होगी सख्त कार्रवाई
दोनों प्रतिष्ठानों से लिए गए नमूनों को राज्य खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, भोपाल भेजा जा रहा है। रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। यदि नमूने मानकों पर खरे नहीं उतरते, तो संबंधित संचालकों के खिलाफ जुर्माना, लाइसेंस निरस्तीकरण या अन्य कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
🔳 प्रशासन की चेतावनी
इस कार्रवाई में तहसीलदार श्री आकाश नीरज, खाद्य सुरक्षा अधिकारी देवकी सोनवानी, ओम प्रकाश साहू और बृजेश विश्वकर्मा शामिल रहे।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आम जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।
📢 दर्पण 24 न्यूज अपील:
आम नागरिकों से अपील है कि यदि कहीं भी खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता में गड़बड़ी नजर आए तो तुरंत संबंधित विभाग को सूचित करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके
