कटनी | दर्पण 24 न्यूज
कटनी जिले में अब गैस सिलेंडर लेना भी किसी इंटरव्यू से कम नहीं रह गया है। पहले लोग गैस खत्म होने पर एजेंसी फोन करते थे, अब गैस लेने से पहले मोबाइल से अपना चेहरा दिखाना पड़ेगा, तब कहीं जाकर चूल्हा जलने की उम्मीद बनेगी।
खाद्य विभाग ने साफ कर दिया है कि घरेलू गैस सिलेंडर पाने के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य है। यानी अब सिलेंडर भी तभी घर पहुंचेगा जब उपभोक्ता मोबाइल ऐप में अपना चेहरा, आधार और धैर्य – तीनों दिखा देगा।
अच्छी बात यह बताई जा रही है कि उपभोक्ता घर बैठे मोबाइल ऐप से यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। लेकिन जिनके मोबाइल में पहले से ही “स्टोरेज फुल” और “नेटवर्क इश्यू” रहता है, उनके लिए यह प्रक्रिया किसी सरकारी परीक्षा से कम नहीं लग रही।
उपभोक्ताओं से कहा गया है कि वे अपनी गैस कंपनी के अनुसार मोबाइल ऐप डाउनलोड करें।
एचपी गैस वाले HP Pay, इंडियन ऑयल वाले IndianOil One और बीपीसीएल वाले Hello BPCL ऐप के माध्यम से ई-केवाईसी कर सकते हैं। साथ ही पहचान सत्यापन के लिए UIDAI Face RD App भी डाउनलोड करना जरूरी बताया गया है, ताकि सिस्टम यह तय कर सके कि गैस लेने वाला असली उपभोक्ता ही है या कोई “डुप्लीकेट चूल्हा प्रेमी”।
इधर प्रशासन भी पूरी गंभीरता से गैस एजेंसियों पर नजर बनाए हुए है। कलेक्टर आशीष तिवारी के निर्देश पर सहायक आपूर्ति अधिकारी पियूष कुमार शुक्ल और कनिष्ठ आपूर्ति अधिकारी यज्ञदत्त त्रिपाठी ने पहरूआ स्थित पुरूषोत्तम गैस एजेंसी के गोदाम का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान गोदाम में 1038 भरे हुए घरेलू सिलेंडर मिले। साथ ही 19 किलो के 81, 5 किलो के 38 और 2 किलो के 59 सिलेंडर भी मौजूद पाए गए। यानी गोदाम में सिलेंडर की कमी नहीं है, बस उपभोक्ताओं के मोबाइल में ऐप और इंटरनेट की व्यवस्था होनी चाहिए।
फिलहाल जिले के उपभोक्ताओं को सलाह दी जा रही है कि समय रहते ई-केवाईसी करा लें, वरना आने वाले समय में गैस सिलेंडर के साथ-साथ चूल्हा भी पूछ सकता है – “पहले केवाईसी दिखाओ, फिर खाना बनाओ।”
गैस सिलेंडर लेने से पहले “चेहरा दिखाना” जरूरी, वरना चूल्हा भी पूछेगा – आपकी ई-केवाईसी हुई क्या?
